झबरेडा 31 मई। क्षेत्र के ग्राम निवासी एक विवाहिता ने अपनी जान-माल की सुरक्षा और ससुराल वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के लिए महिला हेल्पलाइन रुड़की में गुहार लगाई है। पीड़िता का आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल वाले कम दहेज और बेटी पैदा होने के कारण उसे शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। यही नहीं, आरोपित पति ने सोशल मीडिया पर आत्महत्या की झूठी वीडियो डालकर पीड़िता के परिवार को ब्लैकमेल करने की भी कोशिश की है।

झबरेडा कोतवाली के ग्राम खजूरी निवासी आसमा ने महिला हेल्पलाइन में दी तहरीर में बताया कि उसका विवाह करीब डेढ़ वर्ष पूर्व मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार समीर निवासी लण्ढौरा, थाना कोतवाली मंगलौर के साथ हुआ था।माता-पिता ने अपनी हैसियत के मुताबिक दान-दहेज देकर बेटी को विदा किया था। आरोप है कि शादी के कुछ समय बाद ही लालची प्रवृत्ति के ससुराल वाले दिए गए उपहारों से नाखुश हो गए और कम दहेज को लेकर ताने व प्रताड़ना देने लगे। पीड़िता ने बताया कि उसके पति समीर की यह दूसरी शादी है। पहली पत्नी को भी बेटी पैदा होने पर आरोपितो ने मारपीट कर तलाक दे दिया था। पीड़िता ने बताया कि उसने एक बच्ची को जन्म दिया है, जिसके बाद से ससुराल वालों का अत्याचार और बढ़ गया। आरोपित कह रहे हैं कि उन्हें लड़का चाहिए था और वे बच्ची को जान से मार देंगे। जब आसमा ने अपने गरीब माता-पिता की दुहाई दी, तो आरोपितो ने उसके साथ गाली-गलौज कर बेरहमी से मारपीट की और धक्के देकर घर से निकाल दिया। पीड़िता का भाई अमीर खान किसी तरह उसे मायके लेकर आया, तब से वह करीब एक महीने से अपने माता-पिता के घर रह रही है। विवाहिता के परिजनों ने कुछ लोगों को साथ लेकर दोनों पक्षों में समझौता कराने का प्रयास किया, तो ससुराल वाले अपनी जिद पर अड़े रहे। उन्होंने साफ कहा कि जब तक दहेज की मांग पूरी नहीं होगी, वे आसमा को घर नहीं ले जाएंगे। इसके साथ ही आरोपितो ने आसमा को तीन तलाक देने, बिजली का करंट लगाने, जहर देने या छत से धक्का देकर मार डालने और इसे ‘आत्महत्या’ साबित करने की धमकी दी है। पीड़िता ने तहरीर में एक और चौंकाने वाला खुलासा किया है। गत 2 अप्रैल की सुबह पति समीर ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो अपलोड किया, जिसमें उसने कहा कि वह आत्महत्या करने जा रहा है और उसकी मौत के जिम्मेदार उसके ससुराल वाले होंगे। वीडियो डालने के बाद आरोपित पति अपना फोन बंद कर भगवानपुर में अपने किसी रिश्तेदार के यहाँ छिप गया। पीड़िता का आरोप है कि उसका पति और ससुरालीजन सोची-समझी साजिश के तहत उन्हें झूठे मुकदमों में फंसाने और आत्महत्या की धमकी देकर ब्लैकमेल कर रहे हैं, जिससे उनका पूरा परिवार गहरे मानसिक तनाव और डर के साये में जीने को मजबूर है।कोतवाली प्रभारी निरीक्षक विजय सिंह ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला हेल्पलाइन रुड़की की काउंसलिंग के बाद पीड़िता के पति समीर, ससुर सगीर, सास रुकसाना, देवर नदीम,शोयब निवासी लण्ढौरा, मंगलौर, हरिद्वार के खिलाफ संबंधी धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।





