झबरेड़ा 21 अप्रैल। थाना क्षेत्र के गांव में दहेज के लोभियों द्वारा एक विवाहिता को न केवल दहेज के लिए शारीरिक और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया, बल्कि मांग पूरी न होने पर उसे पेट्रोल डालकर जिंदा जलाने की कोशिश भी की गई। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर पति, सास-ससुर समेत 9 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

झबरेडा थाना क्षेत्र के ग्राम कोटवाल आलमपुर निवासी शना का निकाह 12 फरवरी 2023 को सद्दाम पुत्र इसरार के साथ हुआ था। पीड़िता के पिता गुलशेर अली ने बताया कि उन्होंने सामर्थ्य से बढ़कर बेटी की शादी में करीब 40 लाख रुपये खर्च किए थे, जिसमें 4 लाख नकद और भारी मात्रा में सोने-चांदी के जेवर दिए गए थे। आरोप है कि निकाह के कुछ समय बाद ही पति सद्दाम, सास मोहसीना, ससुर इसरार और अन्य परिजनों ने एक कार और 10 लाख रुपये नकद की अतिरिक्त मांग शुरू कर दी। पीड़िता के अनुसार, सितंबर 2025 में पुत्री ‘सुमायरा’ के जन्म के बाद ससुराल वालों का व्यवहार और क्रूर हो गया। वे बच्ची को ‘बोझ’ बताकर ताने देने लगे। आरोप है कि रमजान के महीने में भी पीड़िता को भूखा-प्यासा रखकर उसके साथ मारपीट की गई। पेट्रोल डालकर जलाने की कोशिश और ‘तीन तलाक’ घटनाक्रम के अनुसार, बीती 17 अप्रैल 2026 को विवाद उस समय गहरा गया जब ससुराल पक्ष के लोगों ने पीड़िता को लाठी-डंडों से पीटा और उस पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगाने का प्रयास किया। पीड़िता ने भागकर खुद को कमरे में बंद किया और परिजनों को सूचना दी। जब पीड़िता के माता-पिता और मामा वहां पहुंचे, तो आरोपितो ने उन्हें भी बंधक बनाकर पीटा। ग्रामीणों के हस्तक्षेप के बाद उनकी जान बच सकी। आरोप है कि इसी दौरान आरोपित पति सद्दाम ने पीड़िता को “तलाक, तलाक, तलाक” कहकर घर से निकाल दिया और दोबारा आने पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता ने अपने घायल मामा के साथ रुड़की के सरकारी अस्पताल में मेडिकल कराया और थाने में तहरीर दी। थाना प्रभारी निरीक्षक विजय सिंह ने बताया कि तहरीर के आधार पर कोटवाल आलमपुर निवासी सद्दाम, मोहसीना, इसरार, मुनीर, बाजीन, अनीस, नबील, फरमान और अलतमस के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।





